उत्तराखंड देहरादून सियासत

कैबिनेट द्वारा राज्य के चार धाम व अन्य प्रमुख मंदिरों के नाम से ट्रस्ट या समिति गठित किये जाने के विरूद्ध कठोर विधिक प्राविधान किये जाने का निर्णय

Spread the love
  • कैबिनेट द्वारा राज्य के चार धाम व अन्य प्रमुख मंदिरों के नाम से ट्रस्ट या समिति गठित किये जाने के विरूद्ध कठोर विधिक प्राविधान किये जाने का निर्णय

रोशनी पांडे प्रधान संपादक

 

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में गुरुवार को आयोजित कैबिनेट बैठक में राज्य में स्थित चार धाम एवं अन्य प्रमुख मंदिरों के मिलते जुलते नाम पर समिति अथवा ट्रस्ट के गठन के विरूद्ध कठोर विधिक प्राविधान किये जाने का निर्णय लिया है। कैबिनेट के समक्ष यह विषय चर्चा हेतु रखा गया था कि हाल के समय में राज्य में कतिपय व्यक्ति / संस्थाओं द्वारा उत्तराखण्ड राज्य में अवस्थित चार धाम यथा श्री केदारनाथ धाम, श्री बद्रीनाथ धाम, श्री गंगोत्री धाम, श्री यमुनोत्री धाम व अन्य प्रमुख मन्दिरों के नाम का अथवा इनके संचालन हेतु गठित ट्रस्ट/ समिति के नाम से मिलते-जुलते नाम का प्रयोग कर ट्रस्ट/ समिति आदि बनाई जा रही है।

यह भी पढ़ें 👉  देवभूमि में आस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं: सीएम धामी

प्रदेश में इस प्रकार की गतिविधियों से जन सामान्य में असमंजस की स्थिति उत्पन्न होने के साथ ही स्थानीय परम्पराओं एवं धार्मिक मान्यताओं को भी ठेस पहुँचती है, तथा स्थानीय स्तर पर आक्रोश की भी सम्भावना रहती है।

यह भी पढ़ें 👉  *रामनगर में अपहरण, लूट और गुंडागर्दी पर SSP मंजुनाथ टी०सी० की जीरो टॉलरेंस नीति* *👉 गुंडागर्दी का अंजाम सिर्फ जेल, रामनगर में गुंडों की हेकड़ी टूटी 03 गिरफ्तार*

 

 

 

इसके दृष्टिगत राज्य सरकार द्वारा कड़े विधिक प्राविधान लागू किये जाने का निर्णय कैबिनेट द्वारा राज्य हित में लिया गया है। अब राज्य के अन्दर अथवा राज्य के बाहर कोई  भी व्यक्ति अथवा संस्था किसी समिति अथवा ट्रस्ट का गठन कर राज्य के चार धामों एवं प्रमुख मंदिरों के नाम पर समिति अथवा ट्रस्ट का गठन नहीं कर पायेगा। इससे इस संबंध में उत्पन्न विवाद का भी समाधान हो सकेगा

यह भी पढ़ें 👉  नैनीताल को नई पहचान देने की शुरुआत — 121 करोड़ की परियोजनाएँ धरातल पर