उत्तराखंड जरा हटके रामनगर

“IMPCIL बेचकर सरकार ने उत्तराखंड की जड़ें हिला दीं!” आंदोलनकारियों का बड़ा विस्फोट।

Spread the love

“IMPCIL बेचकर सरकार ने उत्तराखंड की जड़ें हिला दीं!” आंदोलनकारियों का बड़ा विस्फोट

 

उधम सिंह राठौर – प्रधान संपादक

 

रामनगर में राज्य आंदोलनकारियों का गुस्सा अब खुलकर सड़कों पर दिखाई देने लगा है। आयुष मंत्रालय के अधीन देश की एकमात्र आयुर्वेदिक और यूनानी दवा निर्माण कंपनी आईएमपीसीएल मोहन को निजी हाथों में सौंपे जाने के फैसले पर आंदोलनकारियों ने मोदी सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। आंदोलनकारियों ने इसे “उत्तराखंड के रोजगार और अस्तित्व पर हमला” करार दिया।

यह भी पढ़ें 👉  सिस्टम सोता रहा… जनप्रतिनिधियों ने खुद उठाया 10 साल का कूड़ा!

 

 

 

राज्य आंदोलनकारी एवं सम्मान परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष दर्जा राज्य मंत्री धीरेंद्र प्रताप के रामनगर पहुंचने पर लखनपुर क्रांति चौक पर जोरदार स्वागत किया गया। इसके बाद लखनपुर स्पोर्ट्स क्लब में आयोजित बैठक में आंदोलनकारियों ने सरकार के खिलाफ तीखा आक्रोश व्यक्त किया। बैठक की अध्यक्षता राज्य सेनानी मंच रामनगर के संयोजक चंद्रशेखर जोशी ने की, जबकि संचालन प्रभात ध्यानी ने किया।

 

 

 

 

बैठक में आरोप लगाया गया कि मुनाफे में चल रही आईएमपीसीएल मोहन को “कौड़ियों के दाम” में निजी कंपनी को बेच दिया गया, जिससे वर्षों से जुड़े स्थायी-अस्थायी कर्मचारियों और किसानों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है।

यह भी पढ़ें 👉  बुद्ध बाजार में सट्टे की खाईबाड़ी करते आरोपी दबोचा, नगदी बरामद

 

 

 

धीरेंद्र प्रताप ने केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा, सांसद अजय भट्ट, सांसद अनिल बलूनी, विधायक महेश जीना, विधायक सरिता आर्या और विधायक दीवान सिंह बिष्ट से मौन तोड़कर फैक्ट्री बचाने के लिए आगे आने की अपील की। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जनप्रतिनिधि आगे नहीं आए तो जनता उन्हें इस्तीफा देने के लिए मजबूर करेगी।

यह भी पढ़ें 👉  बकरीद पर SSP डॉ. मंजूनाथ टीसी अलर्ट मोड मेंसंवेदनशील इलाकों में खुद किया निरीक्षण, पुलिस फोर्स को सख्त निर्देश

 

 

 

बैठक में राज्य आंदोलनकारियों ने 10% क्षैतिज आरक्षण और चिह्नीकरण के लंबित मामलों को लेकर भी सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया। निर्णय लिया गया कि 29 मई को प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर आंदोलनकारियों की मांगों से अवगत कराया जाएगा।

 

 

 

 

बैठक में धीरेंद्र प्रताप, प्रभात ध्यानी, चंद्रशेखर जोशी, इंद्र सिंह मनराल, अनिल अग्रवाल “खुलासा”, हाफिज सईद अहमद, नवीन नैथानी समेत कई राज्य आंदोलनकारी मौजूद रहे।