उत्तराखंड रामनगर सियासत

धर्म और जाति से ऊपर उठकर मतदान करें: रामनगर में रंजीत रावत का संदेश

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धर्म और जाति से ऊपर उठकर मतदान करें: रामनगर में रंजीत रावत का संदेश

रोशनी पांडे  – प्रधान संपादक

रामनगर के चुनावी सफर में हर दिन नई रणनीतियां और दांव-पेंच देखने को मिल रहे हैं। इस बार का चुनाव हिंदू-मुस्लिम वोट बैंक पर केंद्रित होता दिख रहा है, लेकिन कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व विधायक रणजीत सिंह रावत ने कौमी एकता की मिसाल पेश करते हुए राजनीति को नई दिशा देने का प्रयास किया है।

मस्जिद के बाहर दिया संदेश:

रणजीत सिंह रावत ने मस्जिद के बाहर खड़े होकर रामनगर की जनता को संबोधित किया और निर्दलीय प्रत्याशी भुवन पांडे के पक्ष में वोट की अपील की। उन्होंने कहा, “रामनगर का चुनाव धर्म या जाति के आधार पर नहीं, बल्कि विकास और प्रगति के मुद्दे पर लड़ा जाना चाहिए। नफरत और विभाजन की राजनीति रामनगर को पीछे धकेलती है।”

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धर्म के नाम पर नफरत को करारा जवाब:

रावत ने अपने संदेश में उन राजनीतिक ताकतों पर निशाना साधा जो धर्म और जाति के नाम पर वोट हासिल करने की कोशिश कर रही थीं। उन्होंने कहा कि रामनगर की जनता को उन उम्मीदवारों का समर्थन करना चाहिए जो विकास के मुद्दों पर काम कर सकते हैं और समाज को जोड़ने का प्रयास करते हैं।

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भुवन पांडे की प्रतिक्रिया:

निर्दलीय प्रत्याशी भुवन पांडे ने रणजीत रावत के समर्थन पर आभार जताते हुए कहा, “यह चुनाव नफरत और विभाजन के खिलाफ और विकास के समर्थन में है। मैं रामनगर को आगे बढ़ाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हूं। जनता को उन नेताओं को चुनना चाहिए जो उनकी समस्याओं का समाधान कर सकें और उनके भविष्य को बेहतर बना सकें।”

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चुनावी समीकरण पर असर:

रणजीत रावत का यह कदम चुनावी समीकरणों को नया मोड़ दे सकता है। हिंदू-मुस्लिम वोट बैंक पर आधारित राजनीति के बीच विकास की बात करना जनता के लिए एक ताजा और सकारात्मक संदेश हो सकता है।

जनता से अपील:

रामनगर के चुनावी रण में यह अपील जनता को धर्म, जाति और समुदाय से ऊपर उठकर विकास के लिए सही उम्मीदवार चुनने का अवसर देती है। अब देखना होगा कि यह संदेश चुनाव परिणामों पर क्या असर डालता है।

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