उत्तराखंड में आपदा प्रबंधन को मिलेगी नई ताकत, पूर्व सैनिकों को जोड़ा जाएगा तंत्र से।

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उत्तराखंड में आपदा प्रबंधन को मिलेगी नई ताकत, पूर्व सैनिकों को जोड़ा जाएगा तंत्र से।

 

उधम सिंह राठौर – प्रधान संपादक

 

देहरादून। उत्तराखंड राज्य आपदा प्रबंधन सलाहकार समिति के नव नियुक्त उपाध्यक्ष लेफ्टिनेंट कर्नल रघुवीर सिंह भण्डारी (सेवानिवृत्त) ने सोमवार को कार्यभार ग्रहण करते ही राज्य की आपदा प्रबंधन व्यवस्था को मजबूत बनाने का बड़ा रोडमैप सामने रखा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के पूर्व सैनिकों और अर्द्धसैनिक बलों के सेवानिवृत्त जवानों को आपदा प्रबंधन तंत्र से जोड़कर राज्य की आपदा से निपटने की क्षमता को और सशक्त बनाया जाएगा।

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कार्यभार ग्रहण करने के बाद उन्होंने कहा कि उत्तराखंड प्राकृतिक आपदाओं की दृष्टि से संवेदनशील राज्य है। ऐसे में गांव-गांव में मौजूद पूर्व सैनिकों के अनुभव, अनुशासन और प्रशिक्षण का उपयोग आपदा जोखिम कम करने, राहत एवं बचाव कार्यों तथा सामुदायिक आपदा प्रबंधन को मजबूत करने में किया जाएगा।

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उन्होंने कहा कि राज्य से लेकर ग्राम स्तर तक आपदा प्रबंधन की तैयारियों को अधिक प्रभावी बनाया जाएगा। युवाओं, स्वयंसेवी संगठनों और पूर्व सैनिकों के सहयोग से प्रशिक्षित स्वयंसेवकों का एक मजबूत नेटवर्क तैयार किया जाएगा, जो आपदा के समय त्वरित सहायता उपलब्ध करा सके।

 

 

 

इस दौरान सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन ने उनका स्वागत करते हुए कहा कि लेफ्टिनेंट कर्नल भण्डारी का सैन्य और प्रशासनिक अनुभव राज्य की आपदा प्रबंधन व्यवस्था को नई दिशा देगा।

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गौरतलब है कि लेफ्टिनेंट कर्नल रघुवीर सिंह भण्डारी भारतीय सेना में करीब 38 वर्षों तक सेवाएं दे चुके हैं। उन्होंने ऑपरेशन पवन, ऑपरेशन मेघदूत और कारगिल युद्ध के दौरान ऑपरेशन विजय जैसे महत्वपूर्ण सैन्य अभियानों में सक्रिय भूमिका निभाई है। सेवानिवृत्ति के बाद भी वे पूर्व सैनिकों के कल्याण और संगठनात्मक सशक्तिकरण के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं।

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